संगठन मे सक्ति Sangathan me Shakti एक वन में बहुत बडा अजगर रहता था। वह बहुत अभिमानी और अत्यंत क्रूर था। जब वह अपने बिल से निकलता तो सब …
अपने अपने डेरे Apne apne dere हैरान थी हिन्दी। उतनी ही सकुचाई लजायी सहमी सहमी सी खड़ी थी साहब के कमरे के बाहर इज़ाजत माँगती माँगती दुआ पी.ए. साहब …
अजीब बात Ajeeb baat जगहें खत्म हो जाती हैं जब हमारी वहॉं जाने की इच्छाएं खत्म हो जाती हैं लेकिन जिनकी इच्छाएं खत्म हो जाती हैं वे ऐसी …
संगत का असर Sangat ka Asar किसी शहर में एक सेठ रहता था, सेठ का एक बेटा था, सेठ के बेटे की दोस्ती कुछ ऐसे लड़कों से थी जिनकी …
दरार Darar ख़त्म हुआ ईंटों के जोड़ों का तनाव प्लास्टर पर उभर आई हल्की-सी मुस्कान दौड़ी-दौड़ी चीटियाँ ले आईं अपना अन्न-जल फूटने लगे अंकुर जहाँ था तनाव वहाँ …
शैतान बंदर Shetan Bandar एक समय शहर से कुछ ही दूरी पर एक मंदिर का निर्माण कैया जा रहा था। मंदिर में लकडी का काम बहुत थ इसलिए …
कुछ नहीं कहते Kuch nahi kahte मैंने कहा मज़ाक बन गया है देश। उसने कहा तो तैयार हो जाओ जेल के लिए मैंने कहा मज़ाक बना दिया गया है …
पीछे छूटी हुई चीज़ें Piche chuti hui chije बिजलियों को अपनी चमक दिउखाने की इतनी जल्दी मचती थी कि अपनी आवाज़ें पीछे छोड़ आती थीं आवाज़ें आती थीं …