Tag: Hindi Poems
लीक पर वे चलें Leek par ve chale लीक पर वे चलें जिनके चरण दुर्बल और हारे हैं, हमें तो जो हमारी यात्रा से बने ऐसे अनिर्मित पन्थ प्यारे …
सब कुछ कह लेने के बाद Sab kuch kah lene ke baad सब कुछ कह लेने के बाद कुछ ऐसा है जो रह जाता है, तुम उसको मत वाणी …
पकौड़ी की कहानी Pakodi ki kahani दौड़ी-दौड़ी आई पकौड़ी छुन-छुन छुन-छुन तेल में नाची, प्लेट में आ शरमाई पकौड़ी। दौड़ी-दौड़ी आई पकौड़ी। हाथ से उछली मुह में पहुँची, पेट …
आए महंत वसंत Aaye mahant vasant मखमल के झूल पड़े हाथी-सा टीला बैठे किंशुक छत्र लगा बाँध पाग पीला चंवर सदृश डोल रहे सरसों के सर अनंत आए महंत …
उठ मेरी बेटी सुबह हो गई Uth meri beti subah ho gai पेड़ों के झुनझुने, बजने लगे; लुढ़कती आ रही है सूरज की लाल गेंद। उठ मेरी बेटी सुबह …
खाली समय में Khali samay me खाली समय में, बैठ कर ब्लेड से नाखून काटें, बढी हुई दाढी में बालों के बीच की खाली जगह छांटे, सर खुजलाएं, जम्हुआए, …
ईश्वर Ishwar बहुत बडी जेबों वाला कोट पहने ईश्वर मेरे पास आया था, मेरी मां, मेरे पिता, मेरे बच्चे और मेरी पत्नी को खिलौनों की तरह, जेब में डालकर …
अंत में Ant me अब मैं कुछ कहना नहीं चाहता, सुनना चाहता हूँ एक समर्थ सच्ची आवाज़ यदि कहीं हो। अन्यथा इससे पूर्व कि मेरा हर कथन हर मंथन …