Tag: Hindi Poems
लड़ाई जारी है Ladai Jari he जारी है-जारी है अभी लड़ाई जारी है। यह जो छापा तिलक लगाए और जनेऊंधारी है यह जो जात पांत पूजक है यह जो …
कूद पड़ी हंजूरी कुएँ में Kud padi hanjuri kuye me काम न मिलने पर अपने तीन भूखे बच्चों को लेकर कूद पड़ी हंजूरी कुएँ में कुएँ का पानी ठंडा …
देश कागज पर बना नक्शा नहीं होता Desh kagaj par bana Naksha nahi hota यदि तुम्हारे घर के एक कमरे में आग लगी हो तो क्या तुम दूसरे कमरे …
जब-जब सिर उठाया Jab Jab sir uthaya जब-जब सिर उठाया जब-जब सिर उठाया अपनी चौखट से टकराया। मस्तक पर लगी चोट, मन में उठी कचोट, अपनी ही भूल पर …
पाठशाला खुला दो महाराज Pathshala Khula do maharaj पाठशाला खुला दो महाराज मोर जिया पढ़ने को चाहे! आम का पेड़ ये ठूंठे का ठूंठा काला हो गया हमरा अंगूठा …
माँ की याद Ma ki yaad चींटियाँ अंडे उठाकर जा रही हैं, और चिड़ियाँ नीड़ को चारा दबाए, धान पर बछड़ा रंभाने लग गया है, टकटकी सूने विजन पथ …
हँसा ज़ोर से जब Hansa jor se jab हँसा ज़ोर से जब, तब दुनिया बोली इसका पेट भरा है और फूट कर रोया जब तब बोली नाटक है नखरा …
एक छोटी सी मुलाकात Ek Choti si mulakat कुछ देर और बैठो – अभी तो रोशनी की सिलवटें हैं हमारे बीच। शब्दों के जलते कोयलों की आँच अभी तो …