Tag: Hindi Poems
नई किताबें Nayi kitabe नई नई किताबें पहले तो दूर से देखती हैं मुझे शरमाती हुईं फिर संकोच छोड़ कर बैठ जाती हैं फैल कर मेरे सामने मेरी पढ़ने …
मामूली ज़िन्दगी जीते हुए Mamuli zindagi jite hue जानता हूँ कि मैं दुनिया को बदल नहीं सकता, न लड़ कर उससे जीत ही सकता हूँ हाँ लड़ते-लड़ते शहीद हो …
आकुल हो तुम बाँह पसारे Aakul ho tum baah pasare आकुल हो तुम बाँह पसारे किन्तु देहरी पर रुक जाते असमंजस में पाँव तुम्हारे अवहेलना जगत की करता …
मैं बीता कल हुआ तुम्हारा Me bita kal hua tumhara यद्यपि मैंने जीवन हारा मैं बीता कल हुआ तुम्हारा घिरती हैं सुरमई घटायें संध्या के कंधों पर फिर …
एक जीवन जी गया मैं भी तुम्हारे साथ देखो Ek jeevan ji gya me bhi tumhare sath dekho एक जीवन जी गया मैं भी तुम्हारे साथ देखो मुदित मन …
मैं अजन्मा, जन्मदिन किसका मनाऊँ Me Anjanma, janamdir kiska manau मैं अजन्मा, जन्मदिन किसका मनाऊँ? पंचभूतों के विरल संघात का? क्षरित क्षण-क्षण हो रहे जलजात का? दो दिनो …
सपनों को कल रात जलाया Sapno ko kal rat jalaya सपनों को कल रात जलाया हर करवट पर चुभते थे जो घुटन बढ़ाते घुटते थे जो मुझे पीसते …
आओ साथी जी लेते हैं Aao sathi ji lete hai आओ साथी जी लेते हैं विष हो या अमृत हो जीवन सहज भाव से पी लेते हैं सघन …