Tag: Hindi Poems
बच्चा और ईश्वर Baccha aur ishwar बाबू, चलो ना बको मत, चलो ना कहता है एक बच्चा अपने पचास वर्षीय अधेड़ पिता की अंगुलियों को थामें बच्चा बार-बार …
वही ताज है वही तख़्त है Vahi taj he vahi takhat he वही ताज है वही तख़्त है वही ज़हर है वही जाम है ये वही ख़ुदा की ज़मीन …
मरे हुए लोग Mare hue log मरे हए लोगों के इस शहर में हर आदमी अपने पुर्नजन्म को लेकर परेशान है मरे हुए लोग मरे हुए लोगों में …
सुन ली जो ख़ुदा ने वो दुआ तुम तो नहीं हो Sun li jo khuda ne vo dua tum to nahi ho सुन ली जो ख़ुदा ने वो दुआ …
अंधेरे में काशी Andhere me kasha शाम के वक़्त लोग जब अपने अपने अड्डों केा जाते हैं काशी अपने अंधेरे में चली जाती है काशी का अपने अंधेरे …
रेत में कलाकार Ret me kalakar बालू के कण कण साथ ले चलो उड़ जा हारिल की नाईं सुबह हुई अब सपने छूटे उठ जा हरकारे की ठाईं। …
सोचा नहीं अच्छा बुरा देखा सुना कुछ भी नहीं Socha nahi accha bura dekha suna kuch bhi nahi सोचा नहीं अच्छा बुरा देखा सुना कुछ भी नहीं मांगा खुदा …
धूप Dhoop रूप रेत भर धूप खेत भर फैल गई है चादर ताने तट पर सूरज नभ पर हाँफ रहा है आशा कर-कर लौटेगी उसकी यह आभा भर-भर …