मैंने तुझे माँगा तुझे पाया है Mene tujhe manga tujhe paya he मैंने तुझे माँगा तुझे पाया है तूने मुझे माँगा मुझे पाया है आगे हमें जो भी मिले …
नीड़ बुलाए Nid bulaye वापस आओ सूना नीड़ बुलाए फूली सरसों खेत हमारे रंगहीन है बिना तुम्हारे छत पर मोर नाचने आता सुगना शोर मचाए आँचल-धानी तुमको हेरे …
कह दूँ तुम्हें या चुप रहूँ Kah du tumhe ya chup rahu कह दूँ तुम्हें या चुप रहूँ दिल में मेरे आज क्या है कह दूँ तुम्हें या चुप …
बिना बताए कहाँ गए Bin bataye kaha gye तुम बिन मेरे पिंजरे में दिन-रात रजनीगन्धा दहे रात भर जागे-हँसे चमेली देह हुई निष्पंद कि जैसे सूनी खड़ी हवेली …
मेरे दिल में आज क्या है Mere dil me aaj kya he मेरे दिल में आज क्या है तू कहे तो मैं बता दूँ तेरी ज़ुल्फ़ फिर सवारूँ तेरी …
गगन में बदरा Gagan me Badra आये बदरा छाये आते ही झट लगा खेलने सूरज आँख-मिचौनी घुले-मिले तो ऐसे-जैसे मिसरी के संग नैनी बाट जोहते रहे बटोही धूप-छाँव …
दिल जो न कह सका वही राज़-ए-दिल Dil jo na kah saka vahi raz e dil दिल जो ना कह सका वोही राज़-ए-दिल कहने की रात आई दिल जो …
गौरैया Goreya नहीं दीखती अब गौरैया गाँव-गली-घर या शहरों में छत-मुँडेर पर, गाँव-खेत में चिड़ीमार ने जाल बिछाए पकड़-पकड़ कर, पिंजड़ों में धर चिड़ियाघर में उसको लाए सुधिया …